आपके ग्राहक असल में कहाँ से आते हैं
अपने पिछले बीस ऑर्डर देखें और सोचें कि हर ग्राहक आप तक कैसे पहुँचा। अगर ज़्यादातर ग्राहक किसी चैनल, रीपोस्ट या दोस्त के ज़रिए आए हैं, तो आपका कारोबार बातचीत के ज़रिए चलता है। अगर ज़्यादातर ग्राहक सर्च करके आए हैं, तो आपका कारोबार नए लोगों को खोज में नज़र आने पर निर्भर है।
कौन सा रास्ता आपके लिए सही है, इसका जवाब सुविधाओं की किसी भी तुलना से बेहतर यह अनुपात देता है।
शॉप कहाँ बेहतर काम करती है
कहीं और जाने की ज़रूरत नहीं। ग्राहक पहले से Telegram पर है, एक बार टैप करता है और चैट के ऊपर कैटलॉग खुल जाता है। न कुछ इंस्टॉल करना पड़ता है, न अकाउंट बनाना, न पासवर्ड सोचना। खरीदारी के बाद बातचीत भी वहीं जारी रहती है।
ज़्यादातर ऑर्डर किसी बाहरी साइट पर जाने के दौरान छूट जाते हैं, और शॉप में यह कदम होता ही नहीं।
वेबसाइट कहाँ बेहतर काम करती है
वेबसाइट सर्च इंजन में इंडेक्स होती है। आपके बेचे जाने वाले सामान को खोज रहा कोई व्यक्ति आपका नाम जाने बिना भी उस तक पहुँच सकता है। ऐसे लोगों के आने के लिए यह ज़रूरी नहीं कि आपने पहले से अपना दर्शक वर्ग बनाया हो।
वेबसाइट पर वे चीज़ें भी हो सकती हैं जो चैट में नहीं होतीं: लंबे पेज, ब्लॉग, दस्तावेज़ और आपके ब्रांड की ऐसी मौजूदगी जो तब भी बनी रहती है जब आप कुछ पोस्ट नहीं कर रहे होते।
व्यावहारिक रास्ता
ज़्यादातर छोटे विक्रेताओं को पहले शॉप और बाद में वेबसाइट की ज़रूरत होती है, क्योंकि सर्च से ग्राहक आने से पहले आपसे जुड़े लोगों का समूह बनता है और इसे बनाने में कम समय लगता है। दोनों काम एक साथ करने पर अक्सर दोनों ही ठीक से नहीं हो पाते।
अगर आप शॉप चुनते हैं
स्टोरफ्रंट की जानकारी Telegram Mini App स्टोर पर दी गई है। मुफ़्त App प्लान में हर महीने अधिकतम 10 प्रोडक्ट और 150 ऑर्डर शामिल हैं। यह परखने के लिए इतना काफ़ी है कि बातचीत के ज़रिए बिक्री का तरीका आपके लिए काम करता है या नहीं। प्लान कीमतें पेज पर देख सकते हैं।